नई दिल्ली: बागेश्वर धाम के पीठाधीश्वर पंडित धीरेंद्र कृष्ण शास्त्री ने एक बार फिर अपने तीखे बयानों से देश के सामाजिक और राजनीतिक गलियारों में हलचल पैदा कर दी है। छत्तीसगढ़ के भिलाई प्रवास के दौरान मीडिया से चर्चा करते हुए उन्होंने पड़ोसी देश बांग्लादेश के मौजूदा हालातों का हवाला देकर भारतीय हिंदुओं को एकजुट होने की नसीहत दी है। उन्होंने साफ लहजे में कहा कि यदि समय रहते हिंदू समाज संगठित नहीं हुआ, तो आने वाला भविष्य चुनौतीपूर्ण हो सकता है।
बांग्लादेश की हिंसा का किया जिक्र
पंडित शास्त्री ने बांग्लादेश में हिंदुओं के खिलाफ हो रही हालिया हिंसा पर चिंता व्यक्त करते हुए कहा, “यदि आप भारत में बांग्लादेश जैसी भयावह स्थिति नहीं देखना चाहते, तो अभी संभलने का सही समय है। यदि हिंदू एक नहीं हुए, तो जो आज वहां हो रहा है, वह भारत की गली-गली में देखने को मिल सकता है।” गौरतलब है कि हाल ही में बांग्लादेश के मैमनसिंह में ईशनिंदा के आरोप में 25 वर्षीय हिंदू युवक दीपू चंद्र दास की भीड़ द्वारा पीट-पीटकर हत्या करने और शव को आग के हवाले करने जैसी हृदयविदारक घटना सामने आई है। ऐसी घटनाओं ने वहां के अल्पसंख्यक समुदायों में डर का माहौल पैदा कर दिया है।
औद्योगिक आत्मनिर्भरता की नींव
प्रधानमंत्री ने स्वतंत्र भारत के पहले उद्योग मंत्री डॉ. श्यामा प्रसाद मुखर्जी के योगदान को याद करते हुए कहा कि उन्होंने ही देश की पहली औद्योगिक नीति दी थी। पीएम मोदी ने रेखांकित किया कि भारत में औद्योगीकरण और आर्थिक आत्मनिर्भरता की जो नींव उस दौर में रखी गई थी, वर्तमान सरकार उसी विजन को ‘मेक इन इंडिया’ और ‘आत्मनिर्भर भारत’ के माध्यम से नई ऊंचाइयों पर ले जा रही है।

